थकान, कमजोरी, चक्कर, हाथ-पैर में झुनझुनी या शरीर में हर समय सुस्ती महसूस होना कई कारणों से हो सकता है। इनमें Vitamin B12 की कमी भी एक कारण हो सकती है। खासकर ऐसे लोगों में इसका खतरा अधिक देखा जाता है जिनके भोजन में दूध, अंडे, मछली या दूसरे पशु-आधारित खाद्य पदार्थ बहुत कम होते हैं।
Vitamin B12 शरीर के लिए जरूरी पोषक तत्व है। यह लाल रक्त कोशिकाओं के निर्माण, नसों के सामान्य कामकाज और शरीर की कोशिकाओं में आनुवंशिक पदार्थ बनाने की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
वयस्क व्यक्ति को सामान्य तौर पर रोज करीब 2.4 माइक्रोग्राम Vitamin B12 की जरूरत होती है। अच्छी बात यह है कि कई सामान्य खाद्य पदार्थों से यह जरूरत पूरी करने में मदद मिल सकती है।
लेकिन B12 को लेकर एक बड़ी गलतफहमी भी है। कई जगह केला, पालक, सेब और दूसरी सब्जियों को Vitamin B12 का अच्छा स्रोत बताया जाता है। सामान्य फल, सब्जियां, दालें और अनाज प्राकृतिक रूप से Vitamin B12 के स्रोत नहीं हैं।
तो Vitamin B12 की कमी पूरी करने के लिए क्या खाना चाहिए? आइए जानते हैं।
Vitamin B12 शरीर के लिए क्यों जरूरी है?
Vitamin B12 का काम सिर्फ शरीर को ऊर्जा देना नहीं है। यह शरीर में लाल रक्त कोशिकाओं को बनाने और नसों को स्वस्थ रखने में मदद करता है।
अगर शरीर में लंबे समय तक इसकी कमी रहती है, तो लाल रक्त कोशिकाओं के निर्माण पर असर पड़ सकता है और व्यक्ति को थकान, कमजोरी या सांस फूलने जैसी परेशानी महसूस हो सकती है।
B12 की कमी का असर तंत्रिका तंत्र पर भी पड़ सकता है। हाथ-पैर में झुनझुनी, सुन्नपन, मांसपेशियों में कमजोरी, चलने में संतुलन बिगड़ना या याददाश्त और ध्यान से जुड़ी परेशानी भी हो सकती है।
इसीलिए Vitamin B12 को केवल एक सामान्य विटामिन मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
Vitamin B12 Foods: ये 10 Foods हैं अच्छे स्रोत
1. मछली
मछली Vitamin B12 के अच्छे प्राकृतिक स्रोतों में शामिल है। साल्मन और टूना जैसी मछलियों में B12 के साथ अच्छी मात्रा में प्रोटीन भी मिलता है।
अगर आप मांसाहारी भोजन करते हैं, तो मछली को अपनी डाइट में शामिल करना Vitamin B12 पाने का अच्छा तरीका हो सकता है। मछली का फायदा यह है कि इससे सिर्फ B12 ही नहीं, बल्कि प्रोटीन और दूसरे जरूरी पोषक तत्व भी मिलते हैं।
मछली को बहुत ज्यादा तेल में तलने की बजाय ग्रिल करके, भाप में पकाकर या हल्की ग्रेवी में बनाना बेहतर विकल्प हो सकता है। इससे भोजन में अनावश्यक तेल और कैलोरी बढ़ने से भी बचा जा सकता है।
2. अंडे
अंडा उन लोगों के लिए अच्छा विकल्प है जो मांस और मछली नहीं खाते, लेकिन अंडे खाते हैं।
एक बड़े अंडे में Vitamin B12 की मात्रा बहुत ज्यादा नहीं होती, लेकिन नियमित भोजन में अंडे को शामिल करने से शरीर को B12 के साथ प्रोटीन भी मिलता है। इसलिए इसे केवल B12 के लिए नहीं, बल्कि संतुलित भोजन के हिस्से के रूप में देखना चाहिए।
अंडे को उबालकर, सब्जियों के साथ भुर्जी बनाकर या कम तेल में पकाकर खाया जा सकता है। अगर आपकी डाइट में अंडा B12 का मुख्य स्रोत है, तो दूध और दही जैसे दूसरे स्रोतों को भी भोजन में शामिल करना बेहतर रहेगा।
3. दूध
शाकाहारी लोगों के लिए दूध Vitamin B12 पाने का आसान और रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाला विकल्प है।
लगभग एक कप दूध से करीब 1.3 माइक्रोग्राम Vitamin B12 मिल सकता है। यानी रोज दूध पीने की आदत आपकी दैनिक B12 जरूरत में अच्छा योगदान दे सकती है।
दूध को नाश्ते के साथ या दिन में किसी अन्य समय लिया जा सकता है। हालांकि अगर आप वजन कम करने की कोशिश कर रहे हैं, तो दूध की मात्रा अपनी पूरी डाइट और कैलोरी जरूरत के अनुसार रखें।
दूध का फायदा यह भी है कि इससे B12 के साथ प्रोटीन और कैल्शियम जैसे पोषक तत्व भी मिलते हैं।
4. दही
दही भी Vitamin B12 का अच्छा डेयरी स्रोत है और इसे भारतीय भोजन में आसानी से शामिल किया जा सकता है।
दोपहर के भोजन के साथ एक कटोरी दही लेना या इसे नाश्ते में शामिल करना आसान तरीका है। सादा दही रोज के लिए बेहतर विकल्प है, क्योंकि बाजार में मिलने वाले कई मीठे दही में अतिरिक्त चीनी काफी अधिक हो सकती है।
दही केवल B12 के लिए ही उपयोगी नहीं है। इसमें प्रोटीन और दूसरे पोषक तत्व भी मिलते हैं, इसलिए संतुलित भोजन में इसकी अच्छी जगह है।
5. पनीर और चीज
पनीर और चीज में भी Vitamin B12 पाया जाता है। खासकर शाकाहारी लोगों के लिए पनीर उपयोगी हो सकता है क्योंकि इससे B12 के साथ प्रोटीन भी मिलता है।
पनीर को सब्जी, भुर्जी, सैंडविच या दूसरे भोजन में शामिल किया जा सकता है। चीज को भी सीमित मात्रा में लिया जा सकता है।
हालांकि पनीर और चीज को B12 का सबसे समृद्ध स्रोत समझना सही नहीं होगा। इनमें कैलोरी और वसा भी काफी हो सकती है। इसलिए सिर्फ B12 पाने के लिए इनकी बहुत ज्यादा मात्रा खाने की जरूरत नहीं है।
6. चिकन
चिकन भी Vitamin B12 का प्राकृतिक स्रोत है। इसके साथ अच्छी मात्रा में प्रोटीन मिलता है, इसलिए यह संतुलित भोजन का हिस्सा बन सकता है।
अगर आप चिकन खाते हैं, तो इसे सब्जियों और रोटी या अन्य पौष्टिक खाद्य पदार्थों के साथ लिया जा सकता है।
चिकन को बहुत ज्यादा तेल में तलने की बजाय भूनकर, ग्रिल करके या हल्की ग्रेवी में बनाना बेहतर विकल्प है। इस तरह आपको B12 और प्रोटीन के साथ अपेक्षाकृत संतुलित भोजन मिल सकता है।
यह भी ध्यान रखें कि केवल B12 पाने के लिए चिकन की मात्रा बढ़ाने की जरूरत नहीं है। आपकी पूरी डाइट में मौजूद दूसरे B12 स्रोत भी महत्वपूर्ण हैं।
7. मांस
मांस Vitamin B12 के प्राकृतिक स्रोतों में शामिल है। अलग-अलग प्रकार के मांस और उसके अलग हिस्सों में B12 की मात्रा अलग हो सकती है।
अगर आप मांस खाते हैं, तो इसे सब्जियों, सलाद और रोटी या अन्य अनाज के साथ संतुलित भोजन के रूप में लिया जा सकता है।
सिर्फ Vitamin B12 की कमी से बचने के लिए बहुत ज्यादा मांस खाने की जरूरत नहीं है। अंडे, दूध, दही और मछली जैसे दूसरे खाद्य पदार्थ भी B12 प्रदान कर सकते हैं।
मांस का चुनाव करते समय बहुत ज्यादा वसा वाले या अत्यधिक प्रसंस्कृत मांस की बजाय सामान्य और कम प्रसंस्कृत विकल्प लेना बेहतर होता है।
8. लीवर
अगर सबसे अधिक Vitamin B12 वाले खाद्य पदार्थों की बात करें, तो लीवर का नाम जरूर आता है।
लगभग 85 ग्राम पके हुए बीफ लीवर में 70 माइक्रोग्राम से भी अधिक Vitamin B12 हो सकता है। यह एक वयस्क की रोज की जरूरत से कई गुना ज्यादा है।
यही कारण है कि लीवर को Vitamin B12 के बहुत समृद्ध स्रोतों में गिना जाता है। लेकिन इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि लीवर रोज खाना चाहिए।
अगर आप लीवर खाते हैं, तो इसे कभी-कभार संतुलित मात्रा में लिया जा सकता है। रोज की B12 जरूरत के लिए दूध, दही, अंडे, मछली या अन्य खाद्य पदार्थों का इस्तेमाल भी किया जा सकता है।
9. Vitamin B12 मिलाए गए नाश्ते के अनाज
कुछ नाश्ते वाले अनाजों में Vitamin B12 प्राकृतिक रूप से नहीं होता। इन्हें तैयार करते समय इसमें B12 अलग से मिलाया जाता है।
ऐसे खाद्य पदार्थ उन लोगों के लिए उपयोगी हो सकते हैं जो मांस या मछली नहीं खाते। खासकर पूरी तरह पौधों पर आधारित भोजन करने वाले लोगों के लिए यह एक विकल्प हो सकता है।
लेकिन यहां एक बात जरूरी है—हर नाश्ते के अनाज में Vitamin B12 नहीं होता। पैकेट खरीदते समय पोषण संबंधी जानकारी जरूर पढ़ें और देखें कि उसमें B12 मिलाया गया है या नहीं।
10. Vitamin B12 से भरपूर Nutritional Yeast
Nutritional yeast पूरी तरह पौधों से बना खाद्य पदार्थ हो सकता है, लेकिन इसमें Vitamin B12 तभी मिलेगा जब उसमें B12 अलग से मिलाया गया हो।
इसलिए सिर्फ nutritional yeast का नाम देखकर यह मान लेना सही नहीं है कि उसमें Vitamin B12 जरूर मौजूद होगा।
अगर आप पूरी तरह vegan भोजन करते हैं, तो B12 से भरपूर किए गए nutritional yeast जैसे खाद्य पदार्थ उपयोगी हो सकते हैं। खरीदते समय पैकेट पर Vitamin B12 की मात्रा जरूर देखें।
10 Vitamin B12 Foods की एक नजर में जानकारी
| खाद्य पदार्थ | लगभग B12 मात्रा* |
|---|---|
| बीफ लीवर, 85 ग्राम | 70.7 माइक्रोग्राम |
| साल्मन, 85 ग्राम | 2.6 माइक्रोग्राम |
| टूना, 85 ग्राम | 2.5 माइक्रोग्राम |
| दूध, 1 कप | 1.3 माइक्रोग्राम |
| सादा दही, 170 ग्राम | 1 माइक्रोग्राम |
| चेडर चीज, 42 ग्राम | 0.5 माइक्रोग्राम |
| अंडा, 1 बड़ा | 0.5 माइक्रोग्राम |
| B12 मिला हुआ नाश्ते का अनाज | उत्पाद के अनुसार |
| B12 मिला हुआ Nutritional Yeast | उत्पाद के अनुसार |
| चिकन/मांस | प्रकार और मात्रा के अनुसार |
*खाद्य पदार्थ में Vitamin B12 की वास्तविक मात्रा उसके प्रकार, ब्रांड और मात्रा के अनुसार बदल सकती है।
शाकाहारी लोग Vitamin B12 कैसे प्राप्त करें?
यह सवाल भारत में खास तौर पर महत्वपूर्ण है क्योंकि बहुत से लोग मांस और मछली नहीं खाते।
अगर आप शाकाहारी हैं और दूध, दही, पनीर या अंडे लेते हैं, तो इन खाद्य पदार्थों को अपनी नियमित डाइट में शामिल किया जा सकता है।
लेकिन अगर आप पूरी तरह vegan हैं और दूध, दही, अंडे तथा सभी पशु-आधारित खाद्य पदार्थ नहीं लेते, तो आपको B12 के बारे में विशेष ध्यान देना होगा।
सिर्फ दाल, चावल, रोटी, फल और सब्जियां खाने से Vitamin B12 की जरूरत पूरी नहीं होती। ऐसे लोगों के लिए B12 से भरपूर किए गए खाद्य पदार्थ उपयोगी हो सकते हैं। कुछ लोगों को डॉक्टर की सलाह से Vitamin B12 की गोली या दूसरे उपचार की जरूरत भी पड़ सकती है।
इसलिए vegan भोजन करने वालों को B12 को अपनी डाइट की एक जरूरी जरूरत मानकर चलना चाहिए।
क्या फल और सब्जियों में Vitamin B12 होता है?
सामान्य फल और सब्जियां Vitamin B12 के प्राकृतिक स्रोत नहीं हैं।
केला, सेब, संतरा, पपीता, पालक, गाजर और टमाटर स्वास्थ्य के लिए बहुत अच्छे खाद्य पदार्थ हो सकते हैं, लेकिन इनसे शरीर को पर्याप्त Vitamin B12 नहीं मिलता।
इसी तरह दाल, चना, राजमा, चावल और गेहूं भी Vitamin B12 के प्राकृतिक स्रोत नहीं हैं।
अगर किसी पौधे से बने खाद्य पदार्थ पर Vitamin B12 लिखा है, तो उसमें संभवतः यह विटामिन अलग से मिलाया गया है। इसलिए पैकेट पर दी गई पोषण संबंधी जानकारी देखना जरूरी है।
Vitamin B12 की कमी के लक्षण क्या हैं?
Vitamin B12 की कमी अचानक दिखाई दे, ऐसा जरूरी नहीं है। शरीर में इसका भंडार काफी समय तक बना रह सकता है, इसलिए कुछ लोगों में कमी के लक्षण धीरे-धीरे सामने आते हैं।
शुरुआत में लगातार थकान, कमजोरी या ऊर्जा की कमी महसूस हो सकती है। कुछ लोगों को भूख कम लग सकती है या चक्कर जैसी परेशानी हो सकती है।
कमी बढ़ने पर हाथ-पैर में झुनझुनी, सुन्नपन, मांसपेशियों में कमजोरी, जीभ में दर्द या लालिमा, याददाश्त और ध्यान से जुड़ी परेशानी तथा संतुलन बिगड़ने जैसे लक्षण भी हो सकते हैं।
इनमें से कोई एक लक्षण होने का मतलब यह नहीं है कि Vitamin B12 की कमी ही है। इसलिए केवल लक्षण देखकर खुद से B12 की दवा शुरू करना सही तरीका नहीं है।
Vitamin B12 की कमी सिर्फ भोजन की वजह से नहीं होती
बहुत से लोग सोचते हैं कि B12 की कमी केवल उन लोगों को होती है जो B12 वाले खाद्य पदार्थ नहीं खाते। ऐसा हमेशा नहीं होता।
कुछ लोगों का शरीर भोजन से Vitamin B12 को ठीक तरह से अवशोषित नहीं कर पाता। पेट और आंतों से जुड़ी कुछ बीमारियां, पेट या आंत की सर्जरी और एक विशेष प्रकार की खून की बीमारी इसके कारण हो सकती है।
कुछ दवाओं का लंबे समय तक इस्तेमाल भी कुछ लोगों में B12 के स्तर को प्रभावित कर सकता है। उदाहरण के लिए, मधुमेह में इस्तेमाल होने वाली मेटफॉर्मिन और कुछ अम्लता की दवाओं के लंबे इस्तेमाल से B12 पर असर पड़ सकता है।
इसलिए अगर कोई व्यक्ति दूध, अंडे या दूसरे B12 वाले खाद्य पदार्थ खाने के बावजूद कमी से जूझ रहा है, तो केवल भोजन बदलना पर्याप्त नहीं हो सकता।
क्या केवल Vitamin B12 Foods खाने से कमी ठीक हो सकती है?
इसका जवाब इस बात पर निर्भर करता है कि कमी क्यों हुई है।
अगर किसी व्यक्ति में Vitamin B12 की कमी भोजन में पर्याप्त B12 न मिलने के कारण हुई है, तो भोजन में सुधार मदद कर सकता है। लेकिन अगर शरीर B12 को ठीक से अवशोषित नहीं कर पा रहा है, तो केवल B12 वाले खाद्य पदार्थ खाना पर्याप्त नहीं हो सकता।
ऐसी स्थिति में डॉक्टर Vitamin B12 की गोलियां या इंजेक्शन जैसे उपचार की सलाह दे सकते हैं। उपचार का तरीका व्यक्ति की स्थिति और कमी के कारण पर निर्भर करता है।
इसलिए अगर जांच में B12 की कमी सामने आती है, तो लंबे समय तक अपनी मर्जी से सप्लीमेंट लेने की बजाय डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है।
Vitamin B12 की जांच कब करवानी चाहिए?
अगर आपको लंबे समय से थकान, कमजोरी, हाथ-पैर में झुनझुनी, सुन्नपन या संतुलन से जुड़ी परेशानी हो रही है, तो डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है।
सिर्फ लक्षणों के आधार पर यह तय नहीं किया जा सकता कि शरीर में B12 कम है। जरूरत पड़ने पर डॉक्टर रक्त की जांच करवाकर Vitamin B12 के स्तर के साथ खून से जुड़ी दूसरी चीजों को भी देख सकते हैं।
अगर कमी पाई जाती है, तो उसका कारण जानना भी जरूरी होता है। केवल B12 की गोली लेने से समस्या का मूल कारण हमेशा हल नहीं होता।
क्या Vitamin B12 की कमी से बाल झड़ते हैं?
Vitamin B12 की कमी शरीर के स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है, लेकिन हर व्यक्ति के बाल झड़ने का कारण B12 की कमी नहीं होता।
बाल झड़ने के पीछे आनुवंशिक कारण, हार्मोन में बदलाव, तनाव, पोषण की कमी और सिर की त्वचा से जुड़ी समस्याएं जैसे कई कारण हो सकते हैं।
इसलिए केवल बाल झड़ने की वजह से Vitamin B12 की गोली शुरू करना सही तरीका नहीं है। अगर बाल झड़ने के साथ थकान, कमजोरी या हाथ-पैर में झुनझुनी जैसे लक्षण भी हैं, तो डॉक्टर से सलाह लेकर जरूरी जांच करवाना बेहतर है।
रोज की Diet में Vitamin B12 Foods कैसे शामिल करें?
आपको रोज इन सभी 10 खाद्य पदार्थों को खाने की जरूरत नहीं है। लक्ष्य यह होना चाहिए कि आपकी डाइट में Vitamin B12 के नियमित और भरोसेमंद स्रोत मौजूद रहें।
शाकाहारी व्यक्ति दूध और दही को रोज के भोजन में शामिल कर सकता है। अगर वह अंडे खाता है, तो अंडा भी एक विकल्प है। पनीर को भी संतुलित मात्रा में लिया जा सकता है।
मांसाहारी व्यक्ति अपनी पसंद के अनुसार अंडे, मछली, चिकन या मांस को भोजन का हिस्सा बना सकता है।
पूरी तरह vegan व्यक्ति को B12 से भरपूर किए गए खाद्य पदार्थों पर विशेष ध्यान देना चाहिए और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर से सप्लीमेंट के बारे में सलाह लेनी चाहिए।
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि Vitamin B12 के लिए किसी एक खाद्य पदार्थ पर निर्भर रहने की जरूरत नहीं है। अलग-अलग पौष्टिक खाद्य पदार्थों को मिलाकर संतुलित भोजन करना ज्यादा बेहतर तरीका है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
1. Vitamin B12 की कमी में सबसे अच्छा Food कौन-सा है?
Ans. मछली, मांस, अंडे, दूध और डेयरी उत्पाद Vitamin B12 के अच्छे स्रोत हैं।
2. क्या दूध में Vitamin B12 होता है?
Ans. हां, दूध Vitamin B12 का अच्छा प्राकृतिक स्रोत है।
3. क्या फलों में Vitamin B12 होता है?
Ans. सामान्य फलों में प्राकृतिक Vitamin B12 नहीं पाया जाता।
4. क्या पालक में Vitamin B12 होता है?
Ans. नहीं, सामान्य पालक Vitamin B12 का प्राकृतिक स्रोत नहीं है।
5. शाकाहारी लोग Vitamin B12 कैसे प्राप्त करें?
Ans. दूध, दही, पनीर और अंडे मदद कर सकते हैं, जबकि vegan लोगों के लिए B12 से भरपूर किए गए खाद्य पदार्थ उपयोगी हो सकते हैं।
6. Vitamin B12 की कमी के मुख्य लक्षण क्या हैं?
Ans. थकान, कमजोरी, हाथ-पैर में झुनझुनी, सुन्नपन और कुछ तंत्रिका संबंधी समस्याएं इसके संकेत हो सकते हैं।
7. क्या Vitamin B12 की कमी से बाल झड़ते हैं?
Ans. B12 की कमी स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है, लेकिन हर व्यक्ति के बाल झड़ने का कारण Vitamin B12 की कमी नहीं होता।
8. क्या Vitamin B12 की कमी केवल शाकाहारी लोगों को होती है?
Ans. नहीं, शरीर में B12 के अवशोषण की समस्या और कुछ दवाएं भी इसकी कमी का कारण बन सकती हैं।
निष्कर्ष
Vitamin B12 शरीर के लिए जरूरी पोषक तत्व है और इसकी कमी को लंबे समय तक नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। मछली, मांस, अंडे, दूध, दही और दूसरे डेयरी उत्पाद इसके अच्छे प्राकृतिक स्रोत हैं। वहीं Vitamin B12 से भरपूर किए गए कुछ खाद्य पदार्थ उन लोगों के लिए उपयोगी हो सकते हैं जो पशु-आधारित भोजन नहीं लेते।
सबसे जरूरी बात यह है कि केला, सेब, पालक या सामान्य सब्जियों को Vitamin B12 का स्रोत न समझें। अगर आप शाकाहारी या पूरी तरह vegan भोजन करते हैं, तो अपनी डाइट में B12 के भरोसेमंद स्रोतों पर विशेष ध्यान दें।
अगर लंबे समय से थकान, कमजोरी, हाथ-पैर में झुनझुनी या दूसरे संबंधित लक्षण बने हुए हैं, तो केवल इंटरनेट पर पढ़कर B12 की दवा शुरू करने के बजाय डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है। सही कारण पता होने पर ही Vitamin B12 की कमी का उचित इलाज किया जा सकता है।













